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IIT Kanpur, IIT Roorkee तथा NIT-Patna द्वारा आयोजित 15 दिवसीय ‘Python Workshop’ |  सिमेज  में  माननीय शिक्षा मंत्री महोदय द्वारा Certificate Distribution

IIT Kanpur, IIT Roorkee तथा NIT-Patna द्वारा आयोजित 15 दिवसीय ‘Python Workshop’ | सिमेज में माननीय शिक्षा मंत्री महोदय द्वारा Certificate Distribution

सेवा में,

माननीय शिक्षा मंत्री महोदय,

बिहार सरकार,

पटना |

विषय :    IIT Kanpur, IIT Roorkee तथा NIT-Patna द्वारा आयोजित 15 दिवसीय ‘Python Workshop’ के समापन के पश्चात Certificate Distribution के कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर सिमेज में आपको आमंत्रित करने हेतु |

महोदय,

विदित हो कि IIT Kanpur, IIT Roorkee तथा NIT-Patna के संयुक्त तत्वावधान में ‘Python Programming’ विषय पर   15 दिवसीय Python वर्कशॉप का आयोजन किया जा रहा है | इस Online वर्कशॉप में पूरे देश के IITs से छात्र भाग ले रहे हैं | इस वर्कशॉप में पूरे देश से करीब 950 छात्र भाग ले रहे हैं, जिसमें से अकेले सिमेज समूह से 350 से भी ज्यादा छात्र भाग ले रहे है | वर्कशॉप के सफल समापन के पश्चात, सिमेज समूह के सफल छात्रों को Certificate वितरित किया जाएगा | इस कार्यक्र्म मे आपकी उपस्थिती बतौर ‘मुख्य अतिथि’ प्रार्थनीय है |

इस पत्र के माध्यम से सिमेज समूह के नवाचारी प्रयोगों तथा सफलताओं से आपको अवगत कराते हुये भी हमें काफी हर्ष हो रहा है | पिछले डेढ़ वर्ष से सभी शैक्षिक संस्थानो की गतिविधियां कोरोना की वजह से प्रतिकूल रूप से प्रभावित हुई हैं | बावजूद इसके हमने सिमेज समूह के कॉलेजों में यह पूरा प्रयास किया कि छात्रों की पढ़ाई कोरोना या लॉकडाउन की वजह से नकारात्मक तरीके से प्रभावित न होने पाये | कोरोना प्रोटोकॉल का पालन करते हुये तमाम चुनौतियों के बीच हमने कई इनोवेटिव तरीके अपनाए, जिससे की छात्रों कि पढ़ाई सुचारु रूप से चलती रहे | हमे खुशी है कि हमारे प्रयास काफी सफल रहे | न केवल छात्रों को पढ़ाई निर्बाध रूप से चलती रही रही, बल्कि छात्रों के लिए कैंपस प्लेसमेंट का दौर भी चलता रहा और छात्रों की प्लेसमेंट भी होती रही |

महोदय, आपको यह जानकार हर्ष होगा कि वर्ष 2020 में 22 मार्च को आहूत जनता कर्फ़्यू के लगने से पहले ही हमने सिमेज में Online पढ़ाई शुरू कर दी थी | लॉकडाउन के दौरान भी कॉलेज द्वारा ऑनलाइन पढ़ाई अनवरत रूप से चालू रही | छात्रों की ऑनलाइन क्लास आयोजित करने के लिए Zoom App का सहारा लिया गया | प्रत्येक क्लास की नियमित रूटीन बनाकर, रेग्युलर क्लास की भांति  प्रतिदिन छात्रों की 4 से 5 क्लासेज आयोजित की गई | छात्रों का अटेंडेंट दर्ज किया गया | प्रत्येक सप्ताह छात्रों की उपस्थिती का रिकॉर्ड उनके माता-पिता को SMS के माध्यम से भेजा गया | छात्रों की न केवल क्लासेज आयोजित की गई, बल्कि छात्रों के प्रेजेंटेशन तथा परीक्षाएँ भी online आयोजित की गई | साथ ही, सभी ऑनलाइन क्लासेज को कॉलेज के यूट्यूब चैनल पर भी अपलोड किया गया, ताकि यदि कोई छात्र, नेटवर्क आदि की समस्या से online क्लासेज अटेण्ड करने में असमर्थ है, तो वैसे छात्र बाद में अपने सुविधानुसार यूट्यूब चैनल के माध्यम से क्लासेज अटेण्ड कर सके |

सिमेज कॉलेज में सभी छात्रो के क्लास के अनुसार उनके WhatsApp Group बनाए गए | जिससे छात्रों से संवाद स्थापित करना काफी सरल हो गया | इन WhatsApp Group के माध्यम से छात्रों से किसी भी विषय पर त्वरित गति से संवाद स्थापित किया जा सकता है | यही वजह है कि लॉकडाउन के दौरान भी सभी छात्रो से नियमित रूप से संपर्क स्थापित होता रहा एवं सभी छात्रों तक पढ़ाई तथा क्लास से संबन्धित निर्देश समय-समय पर पहुंचता रहा | साथ ही पढ़ाई से संबन्धित क्लासेज़ के Video lectures, PDF Files तथा PPT Presentations तथा अन्य Study Materials छात्रों तक निर्बाध तरीके से पहुँचते रहे एवं किसी भी तरह से छात्रों को पढ़ाई hamper नहीं हुई |

महोदय, कोविड के First wave के पश्चात, जब कॉलेज को खोलने का आदेश हुआ तो कॉलेज में इन छात्रों को आंतरिक परीक्षाएँ आयोजित भी की गई | साथ ही परीक्षा के पश्चात, छात्रों, अभिभावकों तथा शिक्षकों के मध्य संवाद स्थापित करने के उद्देश्य से ‘Parents-Teachers Conference’ का भी आयोजन किया गया |

लॉकडाउन के दौरान भी कोविड प्रोटोकॉल का पालन करते हुये कॉलेज द्वारा Online परीक्षाओं का आयोजन भी  किया गया | Online Examination को लेने के लिए एक विशेष Software Develop किया गया, जिसमे Camera को Integrate किया गया ताकि परीक्षा में संभावित किसी भी कदाचार को रोका जा सके |

साथ ही कॉलेज में, IIT-Bombay तथा सिमेज समूह के संयुक्त तत्वावधान में कॉलेज द्वारा राष्ट्रीय स्तर पर एक ‘Faculty Development Programme’ भी आयोजित किया गया | जिसमे भारत के विभिन्न हिस्सों से Faculties ने भाग लिया |

पढ़ाई में नवाचारी प्रयोग करते हुये छात्रों को Online क्लासेज के साथ-साथ Video Assignments भी दिये गए, जिसमे छात्रों को कॉलेज द्वारा कोई किताब, Videos या कोई Documentary दी गई एवं उससे संबन्धित  Youtube Videos तथा अन्य Websites इत्यादि के links दिये गए | बाद में छात्रों ने assignment के तहत इन विडियोज़ के अध्ययन के पश्चात, ऑनलाइन माध्यम से ही अपने विडियो रिव्यूज बनाकर भेजे | इसका फायदा यह हुआ कि कि  लॉकडाउन के दौरान जब छात्रों की पहुँच किताबों तक कम थी तो इन Videos के माध्यम से छात्रों की दृश्य, श्रव्य तथा ग्रहण क्षमता बढ़ गई |

इस दौरान कॉलेज द्वारा आयोजित कैंपस ड्राइव भी निर्बाध गति से चालू रहा | कैंपस प्लेसमेंट ड्राइव  के तहत बाइजुज़ द्वारा सिमेज समूह के छात्रों को 10 लाख के वार्षिक पैकेज पर नियुक्ति प्रदान की गई | साथ ही कॉलेज में फाइनल ईयर के छात्रों के कैम्पस प्लेसमेंट के लिए विप्रो टेक्नोलोजिज़ का आगमन हुआ और 30 छात्रों का चयन हुआ | विदित हो कि अब तक संस्थान के 1240 छात्रों का चयन विप्रो में, 350 छात्रों का चयन टी.सी.एस. तथा 1100 छात्रों का चयन आई.सी.आई.सी.आई.बैंक द्वारा किया गया है | साथ ही, छात्रों का चयन अंतर्राष्ट्रीय स्तर की कंपनियों जैसे एसेंचर, एच.पी., आई.बी.एम., कॉग्निजेंट, आई.टी.सी.लिमिटेड, टेक-महिंद्रा, एयरटेल, इंडिगो एयरलाइन्स, रिलायंस डिजिटल, आई. सी. आई. सी. आई. बैंक, कार्वी, राष्ट्रीयकृत बैंको एवं अन्य संस्थानों में भी हुआ है|

कॉलेज के छात्रों के लिए आई.आई.टी. – बॉम्बे के स्पोकेन ट्यूटोरियल प्रोजेक्ट के तहत कई तकनीकी कोर्स कराये गए तथा उनकी ऑनलाइन परीक्षा भी आयोजित की गई |

बिहार राज्य से किसी भी संस्थान से BBA, BCA, B.Sc.IT या B.Com.(P) की पढ़ाई करने वाले छात्रों के लिए कॉलेज की सारी क्लासेज का यू-ट्यूब पर लाइव ऑनलाइन प्रसारण किया जा रहा है | जिसे राज्य के किसी भी हिस्से से कोई भी छात्र निःशुल्क एक्सेस कर सकता है और अपनी पढ़ाई कर सकता है |

हम विशेष तौर पर बिहार सरकार जन-कल्याणकारी योजना ‘बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड’ की सराहना करना चाहेंगे जिसकी सहायता से बिहार के विभिन्न जिलों के ग्रामीण परिवेश के निम्न आयवर्ग के परिवारों के हिन्दी माध्यम से पढे बच्चों ने  इस योजना का सार्थक लाभ उठाकर सिमेज से अपनी पढ़ाई पूरी की एवं उसके पश्चात ख्यातिप्राप्त बहुराष्ट्रीय स्तर की कंपनियों में उच्च वेतनमान पर चयनित हुये | आर्थिक रूप से पिछड़े घरों के छात्र, रिक्शा चलाने वाले अभिभावकों के बच्चे अभी भी ‘बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना’ के माध्यम से, सिमेज समूह में नामांकन लेकर अपनी ज्ञान और क्षमता बढ़ा रहे है और इसी बढ़ी हुई ज्ञान और क्षमता के बल पर आने वाले दिनों में अपनी सफलता की इबारत लिखेंगे | बिहार सरकार इसके माध्यम से गरीबों को समर्थ बना रही है और इसके दूरगामी परिणाम देखने को मिलेंगे और हम इस योजना के लिए सरकार के आभारी है एवं धन्यवान अर्पित करते हैं |

महोदय, इस पत्र के माध्यम से आपको सिमेज समूह के कुछ कार्यों की झलक प्रस्तुत की जा रही है | आपकी शुभकामनायें अपेक्षित है  तथा कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में आपकी उपस्थिती प्रार्थनीय है |

धन्यवाद सहित,

नीरज अग्रवाल |